Search This Website

Wednesday, April 8, 2020

Now Now APL-1 families of the state will also get free grains, pulses, sugar

Now Now APL-1 families of the state will also get free grains, pulses, sugar

One more sensitive decision of the Tribunal: After the BPL and APL, now the APL-5 category was forced to lock in the APC-coded people at the time of the lockdown: this was a major result of the happy ending of this category.


After providing free food to the families of the poor during the lockdown in the fight against the Congress in Gujrat, now the APL-4 category will continue to attract even the most unemployed people.





This was an important decision taken at a Cabinet meeting held today at the video conference of the Chief Minister Vijay Rupani. Vijaybhai said that the first Gujrat in the country has given BPL and APL families a charge of any kind in the first week of the current month. There are still millions of people who do not use a BPL or APL card due to the lockdown situation, and they have an APL-2 card. But there are strong income earners and marginalized and middle class people.


They too have decided to give 5 kg wheat, 2 kg rice, 2 kg pulses and 5 kg sugar in the coming days. These are the cases that do not fall under the National Food Security Scheme, but the assistance provided to them today is only a matter of state education. The Chief Minister said that this decision has been taken by Gujarat Government. In the coming days, these families will be given fixed cereal grains and sugar, whose health will now be known.


The Chief Minister said that there are hundreds of families in the APL-5 card in the state who are happily prosperous and they do not have any problem with the current state of affairs, so I do not want to ignore the benefits of this publication. They show their sympathy for the poor. All the schemes, including these grains, have to be borne by the state government itself. And it is our resolve not to starve anyone in the community so we hope that all of them will cooperate.


Read NEWS 18 Gujarati Report from here

Read More »

Download Aarogya Setu Mobile App | MyGov.in

Download Aarogya Setu Mobile App | MyGov.in



Download Aarogya Setu Mobile App | MyGov.in : Aarogya Setu is a mobile application developed by the Government of India to connect essential health services with the people of India in our combined fight against COVID-19. The App is aimed at augmenting the initiatives of the Government of India, particularly the Department of Health, in proactively reaching out to and informing the users of the app regarding risks, best practices and relevant advisories pertaining to the containment of COVID-19.This app version is compatible with android 6 and above . App for version 5 is actively being worked upon and will be released soon. The Aarogya Setu app will be available for both Android and iOS users. Here is how you can download and use the app.

आरोग्य सेतु मोबाइल ऐप, COVID-19 Aarogya Setu Mobile App, आरोग्य सेतु एंड्राइड ऐप डाउनलोड प्रक्रिया तथा Aarogya Setu Mobile App Download की जानकारी आपको इस लेख में प्रदान की जाएगी। भारत समेत विश्व का प्रत्येक देश आज कोरोना (COVID-19) महामारी के संक्रमण से जूझ रहा है।
इसी को ध्यान में रखते हुए केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा अनेक कदम उठाये जा रहे हैं। इसी के तहत प्रधानमत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को कोरोना के सामूहिक फैलाव को रोकने के लिए आरोग्य सेतु (Aarogya Setu) मोबाइल ऐप लांच किया है। इस ऐप के द्वारा केंद्र सरकार कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए सहायता उपलब्ध कराएगी।
कोरोना से लड़ने से लड़ने में आम जनता की मदद करने के लिए लांच किया गया यह खास ऐप कोरोना संक्रमण के तीसरे चरण की शुरुआत की स्थिति में अपने गजब के फीचर की मदद से यूजर को संक्रमण बचाव के तरीको के बारे में जानकारी देगा। इस ऐप में यूजर के डेटा लोकेशन और ब्लूटूथ के इस्तेमाल से संक्रमण का पता लगाया का सकेगा।

कोरोना संक्रमण Aarogya Setu मोबाइल ऐप

भारत समेत पूरी दुनिया में कोरोना (COVID-19) महामारी विकराल रूप लेती जा रही है। आज लेख लिखे जाने की तारीख तक कोरोना संक्रमण से होने वाली मौतों  आंकड़ा 51,000 को पार कर चूका है। भारत में इस महामारी के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और इलेक्ट्रॉनिक व सूचना प्रोद्योगिकी मंत्रालय ने मिलकर आरोग्य सेतु (Aarogya Setu Mobile App) बनाया है।
इस ऐप के द्वारा यूजर को कोरोना कोरोना संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने पर अलर्ट किया जायेगा। इसके आलावा उसके स्वास्थ्य स्थिति के आधार पर उसे जरूरी सावधानिया भी बरतने के लिए कही जाएँगी। यह ऐप आपकी लोकेशन तथा ब्लूटूथ के इस्तेमाल से संक्रमण का पता लगाने का कार्य करेगा।

आरोग्य सेतु मोबाइल ऐप प्रमुख तथ्य





ऐप का नामAarogya Setu App
इंसटाल करने की प्रकियागूगल प्ले स्टोर द्वारा/ iOS ऐप स्टोर द्वारा
कोरोना कवच ऐप के लाभकोरोना संक्रमण से बचाव
ऐप का वर्जनAndroid  1.0.0 /iOS 10.3 version
ऐप की उपलब्धतासर्वसामान्य के लिए
आधिकारिक वेबसाइटwww.covid19india.org/

Aarogya Setu मोबाइल App का उद्देश्य

इस समय पुरे देश में कोरोना का खतरा तेज़ी से बढ़ता जा रहा है। भारत में पिछले एक सप्ताह में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या में तेज़ी से इजाफा हुआ है। विश्लेषकों का मानना है की भारत में कोरोना महामारी के कम्युनिटी ट्रांसमिशन का खतरा बढ़ता जा रहा है।
इन्हीं सब वजहों से केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा Aarogya Setu App को लांच किया है। इस ऐप के माध्यम से नागरिको को कोरोना महामारी से बचाव के सम्बन्ध में सभी आवश्यक जानकारी प्रदान की जाएँगी। इसके साथ ही उन्हें कोरोना संक्रमण के लक्षण तथा संक्रमण की स्थिति में उठाये जाने वाले कदमो की जानकारी दी जाएगी।

आरोग्य सेतु मोबाइल ऐप की विशेषताएं

  • यह मोबाइल ऐप सभी नागरिकों को गूगल प्ले स्टोर पर आसानी से उपलब्ध होगा।
  • Aarogya Setu App के द्वारा यूजर को संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने की स्थिति में अलर्ट किया जायेगा।
  • किसी व्यक्ति में कोरोना वायरस से संक्रमण की स्थिति में उसे ऐप के माध्यम से सभी सुविधाओं का लाभ दिया जायेगा। उपयोगकर्ता को संक्रमण की स्थिति में उठाये जाने वाले सभी कदमो की जानकारी दी जाएगी।
  • इस ऐप का इस्तेमाल करने के लिए आपको इस ऐप को अपने एंड्राइड मोबाइल पर गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड करना होगा ।
  • इस ऐप में प्रत्येक घंटे आपकी लोकेशन ट्रैक करके आपको कोरोना संक्रमण के प्रति अलर्ट किया जाता है।
  • इसके साथ ही Aarogya Setu ऐप यूजर को कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए सभी आवश्यक कदमो की जानकारी और रिपोर्ट प्रदान करता है

आरोग्य सेतु/Aarogya Setu App को डाउनलोड कैसे करे?

कोई भी इच्छुक व्यक्ति दिए गए चरणों का पालन करके Aarogya Setu App को डाउनलोड कर सकता है।
  • सबसे पहले आपको Google Play स्टोर पर जाना होगा। यहाँ आपको सर्च बॉक्स में “Aarogya Setu” टाइप करके सर्च करना होगा।
  • यहाँ हमने आपके लिए लिंक दिया है जो आपको सीधे ऐप पर रिडायरेक्ट  कर देगा।
 डाइरैक्ट लिंक: Click here

Read More »

Announcing the economic relief package, Finance Minister Nirmala Sitharaman said that under Prime Minister Kisan Samman Nidhi Yojana, Rs 8.75 crore would be deposited in the farmers account


Announcing the economic relief package, Finance Minister Nirmala Sitharaman said that under Prime Minister Kisan Samman Nidhi Yojana, Rs 8.75 crore would be deposited in the farmers accou

Announcing the economic relief package, Finance Minister Nirmala Sitharaman said that under Prime Minister Kisan Samman Nidhi Yojana, Rs 8.75 crore would be deposited in the farmers account. In the first week of April, the first installment will be deposited to all the farmers involved under the scheme. People all over the country are currently facing problems with the Corona virus. In view of this problem, various packages are also being announced by the government. In the same order, Finance Minister Nirmala Sitaram has made a special decision keeping in view the farmers coming under the Prime Minister’s Honor Fund. 14 crore beneficiaries will get benefits Under the Prime Minister’s Kisan Samman Nidhi Yojana, which was launched from February last year, farmers are given assistance up to Rs 6,000 annually. All the states and union territories of the country other than West Bengal have benefited. Under the Prime Minister’s Kisan Samman Nidhi scheme, the target was to reach 14 crore beneficiaries in the country. But a total of 8.75 crore farmers have joined the scheme in the country during the one and half year period. Total 8.75 crore farmers in the scheme The first installment of Rs 2,000 will be deposited in the first week of April in the account of 8.75 lakh farmers under the Prime Minister’s Kisan Samman Nidhi scheme. 


Important Link. Click here
Read More »

Sunday, February 16, 2020

Domain Name क्या है और कैसे काम करता है?


Domain Name क्या है और कैसे काम करता है?


डोमेन नाम क्या है (What is Domain Name in Hindi): जब भी आप कोई website search किये होंगे तब आपका सामना जरुर Domain Name से हुआ होगा. आप के मन में ये बात जरुर आई होगी की आकिर कोई website और Domain Name का क्या रिश्ता है. तो में आप लोगों को ये बात दूँ की Domain Name की मदद से हम Internet में website को खोज सकते हैं. हम कह सकते हैं की ये एक friendly naming system जिससे हम किसी Web Pages और Web Servers का पता दे सकते हैं.
मुझे मालूम है की आप लोगों को भी डोमेन क्या है, के बारे में कुछ जानकारी अवस्य होगी इसीलिए मैंने सोचा की क्यूँ न आज में आप लोगों को Domain Name के बारे में पूरी जानकारी दे दूँ ताकि आप लोगों में और कोई संका न हो. तो देरी किस बात की चलिए शुरू करते हैं और जानते हैं की आकिर ये डोमेन नाम किसे कहते हैं और कैसे काम करता है इसकी पूरी जानकारी हिंदी में.

डोमेन क्या है (What is Domain in Hindi)

Domain Name Kya HaiDomain Name या DNS (Domain Naming System) एक ऐसा नामकरण है जिससे हम किसी website को Internet में identify कर सकते हैं. किसी भी वेबसाइट की बात करें तो सभी background में किसी न किसी IP address से जुड़े हुए होते हैं. IP Address (Internet Protocol Address) ये एक numerical address है जो Browser को बताता है की Internet में कहाँ वो website मेह्जूद है.
आसान भाषा में कहूँ तो हम मनुष्यों को आसान चीज़ें ही याद रहती है, उसी तरह सारे website का भी एक नाम होता है, तो अब आप सोच सकते हैं की Domain Name वह आसान नाम है जिसे की हम याद रख सकते है किसी IP Address के मुकाबले. ये एक human readable version है IP Address का.

Domain Name की मदद से हम एक या उससे ज्यादा IP Address को ढूंड सकते हैं. Example के तोर पे domain name google.com सेकड़ों IP को रेफेर करता है. Domain Name का उपयोग URLs में भी होता है किसी particular webpage को धुंडने में.
Example के तोर में इस URL:
https://jobsgujarat/about में domain name है    jobsgujarat.in

डोमेन नाम कैसे काम करता है

What is Domain Name in Hindiमैं आप लोगों को ये बताना चाहता हूँ की सभी website एक server में host या store किये गए होते हैं. और Domain Name उस server के IP को point किया हुआ होता है.
जब भी आप किसी website का नाम अपने URL Bar में Add करते हैं तो तभी वो आपके Domain Name के मदद से आपके server के IP को point करता है जिससे आप अपने खोजे गए Website को देख पाते हैं अपने ब्राउज़र में. इसी तरह ही आप लोग Website को देख पाते हैं.

डोमेन के प्रकार

देखा जाये तो Domain Name बहुत ही प्रकार के हैं, लेकिन आज में आप लोगों को उन सभी प्रकार से जो बहुत ही महत्वपूर्ण हैं उन्ही के बारे में बताऊंगा. ताकि आप जब भी कोई Domain Name choose करें तो आपको बड़ी आसानी हो इसके चुनाव में.

1. TLD – Top Level Domains

Top Level Domains (TLD) को हम Internet Domain Extension के नाम से भी जाना जाता है. ये वो आखिरी वाला हिस्सा है जहाँ domain name खत्म होता है. Dot के बाद का हिस्सा. इसे सबसे पहले develop किया गया था. इस domain की मदद से आप अपने website को आसानी से Rank कर सकते हैं. ये बहुत ही ज्यादा SEO friendly है. और इसे Google Search Engine भी ज्यादा importance देता है.
Example TLD Extension के जिससे कोई भी खरीद सकता है
  • .com (commercial)
  • .org (organization)
  • .net (network)
  • gov (government)
  • .edu (education)
  • .name (name)
  • .biz (business)
  • .info (information)
उदहारण के लिए Google.com, jobsgujarat.inFacebook.com

2. CcTLD – Country Code Top Level Domains

इस प्रकार के Domain का इस्तमाल आम तोर पे किसी particular देश को नज़र में रखकर किया जाता है. ये किसी देश के Two Letter ISO CODE के आधार पे नामित होता है. उदहारण के तोर पे कुछ Important Domain Extension दिए है
  • .us: United States
  • .in: India
  • .ch: Switzerland
  • .cn: China
  • .ru: Russia
  • .br: Brazil

Subdomain Name क्या है

आपको तो पता चल गया होगा के डोमेन क्या है, पर subdomain आपके Main Domain Name का एक अंश होता है. subdomain को ख़रीदा नहीं जाता. अगर आप कोई भी Top Level Domains Name  खरीद लिया है तो आप उसे Subdomain Names में Divide कर सकते है. जैसे की Hindime.net मेरा TLD Name है और  मैं इसे Hindi.Jobsgujarat.in और English.Jobsgujarat.in में Divide कर सकता हूँ. ये बिलकुल ही free है इसके लिए आपको कोई Charge नहीं देने पढ़ते हैं.

वैसे तो Domain Names के और भी प्रकार होते है लेकिन आम तोर पे  हम Blog/Website बनाने के लिए उनका Use नहीं करते. एक बहुत ही जरुरी बात में आपको बता दूँ की आप Hindi में भी Domains Name खरीद सकते है Like: Jobsgujarat.in, jobsgujarat.भारत
नोट: मुख्यतः सभी American Servers three-letter वाले top level domains का इस्तमाल करते हैं (e.g. “.com”, “.edu“). लेकिन दुसरे देश America के अलावा केवल दो letters या combinations of दो letters का इस्तमाल करते हैं. (e.g “.au”, “.ca”, “.co.jp“).

Domain Name और URL समान नहीं

अगर Tecnically बात करें तो domain name एक छोटा सा हिस्सा है बड़े internet address जिसे की “URL” कहते हैं. URL में हम बहुत सी चीज़ों का पता लगा सकते हैं Domain Name के मुकाबले जैसे की specific page address, folder name, machine name, and protocol language.
उदहारण के तोर पे URL (Uniform Resource Locator pages) उनके domain नाम Bold कर दिया गया है:
  • https://hindime.net/lte-volte-kya-hai-hindi
  • http://www.nytimes.com/2007/07/19/books/19potter.html

Top Domain Name Provider List

अगर आप खुद के लिए या अपने बिज़नस के लिए website बनाना चाहते हैं तो आप खुद भी domain name खरीद सकते हैं, लेकिन उसके लिए आपको किसी अच्छे domain name Service provider से domain में account register कर के नया और unique domain name खरीदना होगा. निचे मैंने कुछ टॉप Domain Providers की list दे रखी है आपके सहूलियत के लिए. आप इन में से किसी को भी चुन सकते हैं.
  • Bigrock
  • GoDaddy
  • Com
  • Com
  • Namecheap
  • 1and1
  • In
  • Znetlive
  • EWeb Guru
  • IPage
नोट: ICANN (The Internet Corporation For Assigned Names And Numbers) एक ऐसी संस्था है जो की इन Domain Providers को authorizes करती है Domain Name बेचने के लिए.

डोमेन नाम कैसे बनाये

  1. हमेशा Short Domain Name का चुनाव करें जो याद रखने में आसान हो.
  2. ऐसा Domain name रखें जो की याद रखने, टाइप करने and बोलने मे easy हो.
  3. किसी दूसरे से मिलता जुलता Domain name न हो और तो और काफी Unique हो जिससे आप आसानी से brand कर सकें.
  4. इस name मे special character जैसे की hyphen and numbers को यथा संभव न रखें.
  5. हमेशा Top Level Domains लेने की कोशिश करे की जिससे की पूरी दुनिया में सभी लोग पहचानते है.
  6. आपका Domain name आपके business या business profile से संभंधित या मिलता जुलता होना चाहिए इससे आपको brand बनाने में आसानी होगी.
आकिर में मैं आप लोगों को यह बताना चाहता हूँ की Domain name को हमेशा छोटा और आसानी से याद रहने वाला address होना चाहिए. सही में server का technical address है IP (Internet Protocol Address)
मुझे पूर्ण आशा है की मैंने आप लोगों को डोमेन क्या है (What is Domain in Hindi) के बारे में पूरी जानकारी दी और में आशा करता हूँ आप लोगों को इस Internet Term के बारे में समज आ गया होगा. मेरा आप सभी पाठकों से गुजारिस है की आप लोग भी इस जानकारी को अपने आस-पड़ोस, रिश्तेदारों, अपने मित्रों में Share करें, जिससे की हमारे बिच जागरूकता होगी और इससे सबको बहुत लाभ होगा. मुझे आप लोगों की सहयोग की आवश्यकता है जिससे मैं और भी नयी जानकारी आप लोगों तक पहुंचा सकूँ.
मेरा हमेशा से यही कोशिश रहा है की मैं हमेशा अपने readers या पाठकों का हर तरफ से हेल्प करूँ, यदि आप लोगों को किसी भी तरह की कोई भी doubt है तो आप मुझे बेझिजक पूछ सकते हैं. मैं जरुर उन Doubts का हल निकलने की कोशिश करूँगा. आपको यह लेख डोमेन नाम क्या है क्या है  कैसा लगा हमें comment लिखकर जरूर बताएं ताकि हमें भी आपके विचारों से कुछ सीखने और कुछ सुधारने का मोका मिले.
Read More »

Professional Blogging क्या है और कैसे करे?




Professional Blogging क्या है और कैसे करे?

अगर आप इस पोस्ट को पढ़ रहे हैं ,तो इसका ये मतलब है के आपको professional blogging में interest है. आज के इस लेख में हम जानेंगे की  Professional Blogging क्या है. हम जब भी कोई चीज़ professionally करते हैं, तो इसका ये मतलब होता है के हम अपना best skills का इस्तमाल कर उससे अच्छा earn करना चाहते हैं.
Professional Blogging के बारे में जानने से पहले, मैं आपको Blogging के बारे में थोडा idea दे देता हूँ. Blog एक तरह का website होता है, जहाँ लोग अपना knowledge or information शेयर करते हैं.
हर रोज लाखो, करोडो लोग अपनी problems की solution के लिए Google या फिर अलग अलग search engines में search करते हैं. इसका मतलब ये नहीं है के search engine लोगो के problems की solutions रखता है. इसका काम बस ये ही के, ये अलग अलग blogs and websites से information collect करके आपको उनकी links दिखाता है.
हम ये कह सकते हैं के, लोग अपनी जानकारी share करने के लिए blogging करते हैं. इससे दोनों Readers और Bloggers (Writers) का फायेदा होता है क्यूंकि दोनों एक दुसरे की सहायता करते हैं.
आपको blogging के बारे मैं थोडा बहुत idea तो आ गया होगा. अगर blogging का मतलब knowledge शेयर करना है, तो ये professional blogging क्या होता है? जैसे की मैंने आपको पहले बताया था, के हम अगर कोई चीज़ professionally करते हैं, तो इसका ये मतलब होता है के हम उससे कुछ income करना कहते हैं. इस तरह से blogging को हम दो category में divide कर सकते हैं.
1. Personal or Hobby Blogging
2. Professional Blogging
Personal Blogging: Personal या Hobby bloggers वो होते हैं, जिनके पास कुछ story or experience होता है शेयर करने को. वो अपने बारे में हो सकता है, या फिर और किसी के बारे में. इन्हें blogging से पैसे कमाना नहीं होता है.
ये तो बस एक hobby के तोर पर blogging करते हैं. वहीँ इनके पास specific strategy या plan नहीं होता. ये बिना किसी motive के शेयर करते हैं. ये बस blogging को time pass के तोर पर करते हैं.
Professional Blogging: वहीँ Professional Bloggers वो होते हैं, जो blogging करके इतना money earn कर लेते हैं के, उनसे उनका घर चल सके. ये उनके लिए एक तरह का business होता है. अब आप सोच रहे होंगे की कैसे ये professional blogger कमा लेते हैं.
तो में आपको बता दूँ की blogs या websites में जो आप ads देखते हैं, ये लोग इसी से पैसे कमाते हैं. वैसे ऐसे बहुत से उपाय है जिससे की ये bloggers अच्छा खासा revenue generate करते है अपने blog से. जैसे की : –
  • Advertising
  • Content subscriptions
  • Membership websites
  • Affiliate links
  • Donations
  • Ebooks
  • Online courses
  • Coaching या consulting
ये थे कुछ ऐसे उपाय जिससे ये अपने लिए income generate करते हैं.
Read More »

Friday, February 14, 2020

Useful for Farmers

Very Useful Updates for Farmers



Touch image to View Clean image
Read More »

Monday, January 27, 2020

क्वालकॉम ने इसरो के NavIC GPS के साथ एंड्रॉइड स्मार्टफोन के लिए अपने पहले चिपसेट को लॉन्च किया।


 क्वालकॉम ने भारत में तीन नए चिपसेट लॉन्च किए। यह चिपसेट स्नैपड्रैगन 720G, स्नैपड्रैगन 662, स्नैपड्रैगन 460 है। चिपसेट निर्माता क्वालकॉम ने दावा किया है कि यह चिपसेट भारत में 4 जी कनेक्टिविटी को और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की तकनीक को औऱ भी बेहतर बनाएगा। यह चिपसेट इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर गेमिंग और कैमरा प्रदर्शन को बेहतर बनाएगा।  हालाँकि, यह चिपसेट 5G कनेक्टिविटी का समर्थन नहीं कर सकता है।

चिपसेट 'नाविक' (NavIC) को समर्थन करेगा।

 क्वालकॉम का चिपसेट इसरो के 'नाविक' ( नेविगेशन विथ इंडियन कंसल्टेशन) का समर्थन करेगा।

 नाविक अमेरिका के 'GPS' की तरह, भारत का अपना नेविगेशन सिस्टम है, जो कि इसरो द्वारा विकसित किया गया है। सभी तीन चिपसेट हैंडसेट NavIC का उपयोग करके नेविगेशन का समर्थन करेंगे।


 व्यापक रूप से उपयोग किए जाने वाले GPS के विपरीत, जिसमें 24 उपग्रह शामिल हैं, NavIC में सात उपग्रह ही हैं और उनकी सीमा भारत और उसके आसपास के क्षेत्रों में, देश की सीमा से 1,500 किमी तक फैली हुई है।


 GPS के 24 उपग्रह पूरे ग्रह को अपनी कार्यप्रणाली में शामिल करते हैं, जबकि NavIC के सात उपग्रह केवल भारत और उसके आस-पास के देशों तक ही फैले हुए हैं। यही कारण है कि कई लोग मानते हैं कि GPS की तुलना में जिसकी स्थिति सटीकता 20-30 मीटर है, NavIC 20 मीटर से कम की अनुमानित सटीकता के साथ किसी भी स्थान को अंकित करने में सक्षम होगा।

 नाविक नेविगेशन सिस्टम की मदद से किसी भी क्षेत्र के आसपास के 5 मीटर के विस्तार की सटीक जानकारी प्राप्त की जा सकती है। यह पहली बार है कि किसी कंपनी ने चिपसेट बनाया है जो 'नाविक' का समर्थन करता है। ये चिपसेट भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संस्थान (ISRO) की देखरेख में विकसित किए गए थे।

4G स्पीड बढ़ेगी!


 क्वालकॉम इंडिया के अध्यक्ष राजन वागड़िया और क्वालकॉम टेक्नोलॉजी के उपाध्यक्ष केदार कंडप ने हाल ही में अपने तीन चिपसेट उत्पादों को लॉन्च किया। उन्होंने कहा कि इस नए चिपसेट प्लेटफॉर्म पर 4G कनेक्शन की तेज़ी बढ़ेगी। इसके फीचर की बात करे तो इसमें वाईफाई -6 और ब्लूटूथ 5.1 है।

2021 तक भारत में 5G कनेक्टिविटी?

 भारत में, 'स्नैपड्रैगन 720G चिपसेट' को 30 हजार से अधिक के प्रीमियम स्मार्टफोन में पेश किया जा सकता है।  दूसरी ओर, कम कीमत वाले सेगमेंट के स्मार्टफोन में स्नैपड्रैगन 662 और स्नैपड्रैगन 460 का इस्तेमाल किया जा सकता है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी के मंत्री रविशंकर प्रसाद इस साल के अंत तक 5G स्पेक्ट्रम की नीलामी कर सकते है। जिससे 2021 अंत तक भारत में इसकी 5G कनेक्टिविटी हो सकती है।
Read More »